मुख़्तार अंसारी को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया बड़ा फ़ैसला, किसी भी वक़्त हो सकती है –

India

मुख्तार अंसारी के परिवार को आज सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी राहत दी है. अदालत ने उत्तर प्रदेश सरकार की उस याचिका को ख़ा’रिज कर दिया है जिसमें इलाहाबाद हाई कोर्ट के फ़ैसले को चु’नौती दी गई थी. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने मुख्तार अंसारी के बेटों अब्बास अंसारी और उमर अंसारी को अग्रिम ज़’मानत दे दी थी. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने इस फ़ैसले के ख़ि’लाफ़ सर्वोच्च अदालत का रुख किया था. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में दख़ल देने से इनकार कर दिया है.

दरअसल, आरोप है कि मुख्तार के बेटों और पत्नी ने फर्जी कागज के सहारे गाजीपुर में सरकारी जमीन पर कब्जा किया और उस पर होटल बनाए. पर वहीं अब इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विधायक मुख्तार अंसारी के दोनों बेटों को रा’हत देते हुए उनकी अग्रिम जमानत मंजूर कर ली है। मुख्तार के बेटों अब्बास व उमर अंसारी के खिलाफ जमीन का फर्जी बैनामा कराकर होटल बनाने का आरोप है।

इस मामले में मुख्तार की पत्नी आफशा अंसारी की जमानत 3 फरवरी को ही मंजूर हो चुकी है। इलाहाबाद हाई कोर्ट के जस्टिस सिद्धार्थ की बेंच ने अफशां अंसारी की बे’ल याचिका मंजूर करते हुए अग्रिम जमानत दी है। 22 जनवरी को सुनवाई के बाद आदेश सुरक्षित रख लिया गया था, जिस पर तीन फरवरी को कोर्ट ने शर्तों के साथ अग्रिम जमानत दे दी।

बता दें कि गजल होटल के निर्माण को लेकर अंसारी परिवार ने जिस जमीन को खरीदा था उसके खरीद-फरोख्त में प्रशासन ने तमाम अनियमितताएं पाई थीं। साल 2020 के सितंबर माह में मुख्तार अंसारी की पत्नी और उनके दोनों बेटों के साथ 12 लोगों पर सदर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया था। प्रशासन की रिपोर्ट में यह बताया गया था कि होटल की जमीन सरकारी दस्तावेजों में बंजर भूमि के रूप में चिह्नित है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *